मुंबई/चेन्नई। साउथ की फिल्मों में स्टंट सीन्स को बेहद पसंद किया जाता है। यही वजह है कि वहां कि हर दूसरी फिल्म में कोई न कोई स्टंट सीन जरूर होता है। वैसे, साउथ के स्टंटमैन की बात करें तो सबसे पहले नाम आता है एक्टर राजेन्द्रन का। 1 जून, 1957 को तमिलनाडु के थोत्तुकुडी में जन्में राजेन्द्रन का पूरा नाम मोट्टा राजेन्द्रन है। वो साउथ की करीब 500 फिल्मों में बतौर स्टंटमैन काम कर चुके हैं। स्टंट के दौरान केमिकल वाले पानी में कूद गए थे राजेन्द्रन…

– राजेन्द्रन दिखने में भी आम लोगों से अलग हैं। दरअसल उनके शरीर पर बिल्कुल भी बाल नहीं हैं। ऐसा जन्म से नहीं है, बल्कि इसके पीछे भी एक हादसा है।
– कलपेट्टा में एक मलयालम फिल्म की शूटिंग के दौरान राजेन्द्रन को स्टंट करते हुए बाइक के साथ पानी में छलांग लगानी थी। हालांकि बाद में पता चला कि जिस पानी में वो कूदे थे, उसमें किसी कंपनी ने केमिकल वेस्ट मिलाया था।
– एलर्जिक रिएक्शन की वजह से इस हादसे के बाद उनके शरीर के सारे बाल जल गए थे। इतना ही नहीं उनकी भौंहे और सिर के बाल भी पूरी तरह से उड़ गए।

हादसे के बाद विलेन के रूप में मिली नई पहचान…
बाद में उन्होंने 2003 में फिल्म ‘पितामगन’ में छोटा सा रोल किया। हालांकि केमिकल वाले हादसे के बाद राजेंद्रन का लुक विलेन की तरह लगने लगा और उन्हें साउथ इंडस्ट्री में एक नई पहचान मिली। 2009 में आई फिल्म ‘नान कडावुल’ में उन्होंने विलेन का किरदार प्ले किया।

विलेन के साथ कॉमेडियन भी…
दरअसल, राजेन्द्रन का गंजा सिर, पतला शरीर और डार्क कॉम्प्लेक्शन (गहरा रंग) विलेन के साथ-साथ बेहतरीन कॉमेडियन के तौर पर भी मदद करता है। बता दें कि राजेन्द्रन के पिता अरुणाचलम भी साउथ के पॉपुलर स्टंटमैन रह चुके हैं। उन्होंने एमजीआर और शिवाजी गणेशन के साथ कई फिल्मों में काम किया है।

बॉलीवुड में भी काम कर चुके राजेन्द्रन…
राजेन्द्रन ने बॉलीवुड फिल्म ‘इंसान’ में भी काम किया है। हालांकि इसमें उनका छोटा रोल ही था। इसमें अक्षय कुमार और अजय देवगन भी थे। राजेन्द्रन कथा नायगन, बायमा इरुक्कु, मर्सेल, स्ट्रीट लाइट, मदुरा वीरन, ब्रूसली, मोट्टा शिवा केट्टा शिवा, भैरवा, वीर शिवाजी, रेमो, जैक्सन दुरई, थेरी, वालिबा राजा, वेदालम, ओम शांति ओम, अधिबर, मास, कंचना 2, डार्लिंग और अम्बुली जैसी फिल्मों में काम कर चुके हैं।